बलौदा विकासखंड के ग्राम पंचायत नवापारा (ख) में होने जा रहा था आज बाल विवाह।
बलौदा 21,सितम्बर 2026
जांजगीर चांपा कलेक्टर जनमेजय महोबे के निर्देशानुसार अनिता अग्रवाल जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग जांजगीर जिला जांजगीर-चांपा के मार्गदर्शन में दिनांक 21.09.2026 को बाल विवाह संबंधी सूचना प्राप्त होते ही।
जिला बाल संरक्षण अधिकारी श्री गजेन्द्र सिंह जायसवाल के नेतृत्व में ग्राम नवापारा (ख) बलौदा में बालक के घर जाकर बालक के जन्म संबंधित दस्तावेजों की जांच पड़ताल करने पर बालक की उम्र 18 वर्ष 02 माह 28 दिन होना पाया गया ,जो कि विवाह हेतु निर्धारित उम्र से कम था
विभाग के अधिकारी कर्मचारीयों द्वारा बालिका व उनके माता-पिता एवं स्थानीय लोगों को बाल विवाह के दुष्परिणामों से अवगत कराया एवं समझाईश के पश्चात स्थानीय लोगों की उपस्थिति में बालक के माता-पिता की सहमति से बालक का विवाह को रोका गया एवं लड़कियों का विवाह के लिए निर्धारित उम्र 18 वर्ष तथा लड़के के लिए निर्धारित उम्र 21 वर्ष के पूर्व विवाह न करने संबंधी घोषणा पत्र व राजीनामा पत्र में हस्ताक्षर कराया गया.
बाल विवाह सफलतापूर्वक रोका गया ।
बाल विवाह की सूचना प्राप्त होने के बाद पहुंची टीम में बलौदा तहसीलदार अखिलेश विश्वकर्मा ,चाइल्ड हेल्प लाइन जिला जांजगीर से चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक विष्णु श्रीवास, काउंसलर अल्का फांक सेक्टर पर्यवेक्षक सकुन सोन आंनगबाडी कार्यकर्ता तेरस ओग्रे, सरपंच प्रतिनिधि राधेश्याम ओग्रे,ग्राम कोटवार,शामिल थे।
ज्ञात हो कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के तहत विवाह के लिए लड़की की उम्र 18 वर्ष तथा लड़के की उम्र 21 वर्ष निर्धारित है। निर्धारित उम्र से कम होने की स्थिति में बाल विवाह अधिनियम के तहत 02 वर्ष के कठोर सश्रम कारावास तथा 01 लाख के जुर्माने अथवा दोनों से दंडित किया जाने का प्रावधान है।
